सोनम वांगचुक के फैसले पर RSS का बयान, CJP को लेकर उठाए सवाल
नई दिल्ली: राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (NEET) विवाद और केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग के बीच सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक के अनशन समाप्त करने पर राजनीति और बयानबाजी तेज हो गई है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा और केंद्रीय राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह की मौजूदगी में सोनम वांगचुक द्वारा 26 दिनों की भूख हड़ताल खत्म करने के बाद अब इस पूरे घटनाक्रम पर राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) की पहली आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आई है।
RSS नेता इंद्रेश कुमार का बड़ा बयान
आरएसएस के वरिष्ठ नेता इंद्रेश कुमार ने इस आंदोलन पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सोनम वांगचुक और प्रदर्शन कर रही कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के बीच का अंतर स्पष्ट किया। उन्होंने कहा कि सोनम वांगचुक का आंदोलन और सीजेपी दोनों अलग-अलग विषय हैं। इसके साथ ही उन्होंने वांगचुक को सतर्क रहने की सलाह देते हुए कहा कि उन्हें यह समझना होगा कि उनके निष्पक्ष आंदोलन पर विदेशी ताकतों का प्रभाव बढ़ने लगा है, जिससे उन्हें दूरी बनाकर रखनी चाहिए।
विदेशी शक्तियों की कठपुतली न बनने की सलाह
इंद्रेश कुमार ने बातचीत में आगे कहा कि आंदोलनकारियों को अपनी मांगों और तरीकों को पूरी तरह से भारतीय बनाए रखना चाहिए। उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि किसी भी सामाजिक या छात्र आंदोलन को विदेशी ताकतों के हाथों की कठपुतली नहीं बनने देना चाहिए। संघ नेता के इस बयान के बाद नीट परीक्षा विवाद और जंतर-मंतर पर चल रहे विरोध प्रदर्शन को लेकर राजनीतिक बयानबाजी और ज्यादा गरमाने की संभावना है।

वायरल सेलिब्रेशन पर पहली बार बोले वैभव सूर्यवंशी, आखिर किसे दिया था संदेश?
दिल्ली-हरियाणा यात्रियों को राहत, सोनीपत से कश्मीरी गेट तक दौड़ेंगी ई-बसें
यरुशलम हत्याकांड: फ्लैट में मिला भारतीय मजदूर का शव, जांच में जुटी पुलिस
NEET मुद्दे पर सियासत तेज, प्रियंका चतुर्वेदी ने मांगा धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा
लॉ ग्रेजुएट्स के लिए खुशखबरी! भारतीय सेना में अधिकारी बनने का शानदार अवसर
खाद्य प्रसंस्करण क्षेत्र में उछाल, रोजगार और कारोबार के लिए खुल रहे नए द्वार
दूसरों की किस्मत बताने वाली अन्ना खुद नहीं जान पाईं अपना भविष्य, पावर बैंक ब्लास्ट में झुलसीं