सहरसा। बिहार के सहरसा से एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है, जहां पुलिस ने शादी के नाम पर लोगों से ठगी करने वाले एक शातिर गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने छापेमारी कर तीन युवतियों को हिरासत में लिया है और पूरे नेटवर्क की जांच शुरू कर दी है।

ऐसे चलता था ठगी का खेल

पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि सदर थाना क्षेत्र के पॉलिटेक्निक ढाला के पास “मैरेज लाइन डॉट कॉम” के नाम से एक संदिग्ध कार्यालय चल रहा है। यह गिरोह सोशल मीडिया पर फर्जी आईडी बनाकर कुंवारे लोगों को शादी का लालच देता था। जब कोई व्यक्ति इनके झांसे में आ जाता था, तो उससे रजिस्ट्रेशन या लड़की से संपर्क कराने के नाम पर 1500 रुपये वसूले जाते थे। इसी पक्की सूचना के आधार पर पुलिस ने सोमवार को छापेमारी की।

छापेमारी में तीन युवतियां हिरासत में

छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से तीन युवतियों को हिरासत में लिया। सभी से सहरसा सदर थाना में पूछताछ की जा रही है। शुरुआती जांच में सामने आया है कि इनमें से दो युवतियां सहरसा की रहने वाली हैं, जबकि एक पूर्णिया जिले की निवासी है।

10 हजार सैलरी पर काम करने का दावा

पूछताछ में युवतियों ने दावा किया कि उन्हें इस ठगी के बारे में कोई जानकारी नहीं थी। उनका कहना है कि वे यहां सिर्फ 10 हजार रुपये महीने की सैलरी पर कर्मचारी के तौर पर काम कर रही थीं और उन्हें इस पूरे फर्जीवाड़े की भनक तक नहीं थी।

मास्टरमाइंड की तलाश में जुटी पुलिस

साइबर डीएसपी अजीत कुमार ने बताया कि फिलहाल यह शुरुआती कार्रवाई है। पुलिस अब इस गिरोह के असली मास्टरमाइंड की तलाश कर रही है और यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस रैकेट में और कितने लोग शामिल हैं। उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने के बाद पूरे नेटवर्क को खत्म कर दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।